Wednesday, March 7, 2018

🌷 स्त्री 🌼

🌷 स्त्री   🌼

वृहद, रुद्र रूप कर धारण,
बचाती खुद को, असुरों से।

निखर चाँदनी, यौवन लुटाती,
अप्सरा बन , मनमीत  पर।

मातृ रूप में बिन रुके-थके,
निरंतर सेवा करती शिशु का।

अंतिम क्षण , स्तब्ध कर चली,
सभ्यता को समेटे आँचल मे।

नमन पावन मातृ शक्ति को,
जो खुद सशक्त है,तीनों लोक में।

#GKM
#womensday

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ख्यालात

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